Romantic Shayari 2

कुछ सोंचू तो तेरा ख्याल आता है,
कुछ बोलू तो तेरा नाम आता है,
कब तक मैं छुपाऊँ अपने दिल की बात,
उसकी हर अदा पे हमें प्यार आता है..!
क्या कहें कुछ कहा नहीं जाता,
दर्द मिलता है पर सहा नहीं जाता,
प्यार हो गया है इस कदर आपसे की,
बिना डिस्टर्ब किये मुझसे रहा नहीं जाता..
जादू है उसकी हर एक बात में,
याद बहुत आती है दिन और रात में,
कल जब देखा था मैंने सपना रात में,
तब भी उसका ही हाथ था मेरे हाथ में...
मेरे वजूद से लिपटी खुशबू तेरे नाम की है,
मेरे दिल में बसी हर एक धड़कन तेरे नाम की है,
इतना यकीन कर ले मेरे हमनशीन,
बिन तेरे मेरी ज़िन्दगी बेनाम सी है...
हर मुलाकात को याद हम करतें हैं,
कभी चाहत कभी जुदाई की आह भरते हैं,
यूँ तो रोज़ तुम से सपनों में बात करते हैं,
पर फिर से अगली मुलाकात का इन्तज़ार करते हैं...
ढलती शाम का खुला एहसास है,
मेरे दिल में तेरी जगह कुछ खास है,
तू नहीं है यह मालूम है मुझे,
पर दिल ये कहता है तू यहीं मेरे पास है...
मोहब्बत ज़ख्म देती है मरहम भी लगाती है,
जो भुझती नहीं है आग ऐसी वो लगाती है,
मोहब्बत क्या है भला हर कोई कब जान सका है,
मोहब्बत का जो कैदी हो समझ उसको ही आती है...
जज़्बात मेरे कहीं कुछ खोये हुए से हैं,
कहूँ कैसे वो तुमसे थोड़ा शरमाये हुए से हैं,
पर आज न रोक सकुंगी जज्बातों को मैं अपने,
करते हैं प्यार हम तुम्ही से पर घबराये हुए से हैं...
नज़रें मिले तो प्यार हो जाता है,
पलकें उठे तो इज़हार हो जाता है,
ना जाने क्या कसिश है चाहत में,
की कोई अनजान भी हमारी ज़िन्दगी का
हक़दार हो जाता है...
फिजाओं का मौसम जाने के बाद बहारों का मौसम आया,
गुलाब से गुलाब का रंग तेरे गालों पर आया,
तेरे नैनों ने काली घटा का जब काजल लगाया,
जवानी जो तुम पर आई तो नशा मेरी आँखों में आया...