Diwali Shayari 1

दीवाली पे तुम ख़ुशियाँ खूब मनाना,
मेरी कोई बात बुरी लगी हो तो उसे दिल से मिटाना,
हम इंतज़ार करेंगे तुम्हारा,
आकर बस एक दिया मेरे साथ जलाना...
ये दीवाली तुम्हारी कुछ ऐसी हो,
की तुम्हारी सारी मुराद पूरी हो जाएं,
बस तुम खुश हो जाओ,
और हम तुम्हें देखकर खुश हो जाएं...
रंगोली के रंग जैसे,
ख़ुशियाँ भर जाएं तुम्हारी ज़िन्दगी में,
रौशनी होती है दीवाली पर जितनी,
उतनी ख़ुशियाँ हो तुम्हारे जीवन में...
दीप जलते जगमगाते रहें,
हम आपको आप हमें याद आते रहें,
जब तक ज़िन्दगी है, दुआ है हमारी,
आप चाँद की तरह जगमगाते रहें...
दीवाली हो ख़ुशियाँ वाली तुम्हारी,
और ख़ुशियाँ हो प्यारी प्यारी,
एक दिया बस हमारे नाम का जला लेना,
अगर तुम्हें याद आए हमारी...
दीवाली शाम तेरे इंतज़ार रहेगा,
मेरा दिल बेक़रार रहेगा, देख लूं बस तुमको,
तभी त्यौहार मेरे लिए दीवाली का त्यौहार रहेगा...
ख़ुशी और ख़ुशियाँ होगी,
इस दीवाली को हम मनाएँगे तेरे प्यार में,
तुम बस आ-जाना जल्दी,
हम दिए जलाएँगे तेरे इंतज़ार में...
तमाम जहाँ जगमगाया, फिर से त्यौहार रौशनी का आया,
कोई तुम्हें हमसे पहले, ना दे दे बधाईयाँ,
इसलिए, ये पैगाम ऐ मुबारक सबसे पहले हमने भिजवाया...
जैसे दियाबाती का रिश्ता होता है,
वैसा रिश्ता बना लेते हैं,
बन जाए एक दूजे के लिए,
और इस दीवाली को ख़ुशियों से सज़ा लेते हैं...
दीयों की रौशनी से झिलमिलाता आँगन हो,
पटाकों की गूंजो से आसमान रोशन हो,
ऐसी आए झूम के ये दीवाली,
हर तरफ ख़ुशियों का मौसम हो...