2 Line Shayari Shayari 21

होसले दिल में जब मचलते हैं, कुछ नए रास्ते निकलते हैं,
दोस्त बन गए आप जब से, गम दूर खड़े हाथ मलते हैं...
इतना तसलसुल तो मेरी साँसों में भी नहीं,
जिस रवानी से मुझे वो शक्स याद आता है..
मैंने उस रात के बाद आँख नहीं खोली,
जिस रात उसने कहा था, कि सुबह होते ही मुझे भुला देना..
रंजिशें तो होती हैं मोहब्बत में मगर,
तुमसे ये किसने कहा की मुझे अधूरा कर दो..
अगर तुम किसी को चाहो तो ये ना देखो की वो तुम्हारी तकदीर में है या नहीं,
बल्कि इतनी शिद्दत से चाहो के तकदीर ही बदल जाए..
कभी टूटा नहीं मेरे दिल से तेरी याद का रिश्ता,
गुफ्तगू जिससे भी हो ख्याल तेरा ही रहता है..
सुकून का एक लम्हा भी नहीं मुयस्सर मुझको,
मोहब्बत को सुलाता हूँ तो नफरत जाग उठती है..
मोहब्बत रूह में उतारा हुआ मौसम है,
तालुक ख़त्म करने से मोहब्बत ख़त्म नहीं होती..
हम ना ही उसे चाँद लाके देंगे ना ही तारे लाके देंगे,
मगर वो रूठ जाए तो उसके चहरे पे एक हंसी ला देंगे..
उस में बात ही कुछ ऐसी थी,
अगर दिल ना देते तो जान चली जाती..